और चूँकि मैं ही तुम्हें देखता हूँ तो फिर तुम सुन्दर क्यों नहीं हो?

और चूँकि मैं ही तुम्हें देखता हूँ तो फिर तुम सुन्दर क्यों नहीं हो?


(And since I am the only one who sees you, why are you not then beautiful?)

📖 Robin McKinley

🌍 अमेरिकी  |  👨‍💼 लेखक

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रॉबिन मैककिनले की पुस्तक "ब्यूटी" में, सौंदर्य की अवधारणा को एक अद्वितीय लेंस के माध्यम से खोजा गया है। नायक सुंदरता के विचार से जूझता है, सामाजिक मानकों और व्यक्तिगत धारणाओं पर सवाल उठाता है। उनकी यात्रा से पता चलता है कि सच्ची सुंदरता बाहरी दिखावे तक ही सीमित नहीं है, बल्कि आंतरिक गुणों और संबंधों के बारे में है।

उद्धरण, "और चूँकि मैं ही तुम्हें देखता हूँ तो फिर तुम सुन्दर क्यों नहीं हो?" इस अन्वेषण का सार पकड़ लेता है। यह इस धारणा पर प्रकाश डालता है कि सुंदरता व्यक्तिपरक है और इसे पर्यवेक्षक के दृष्टिकोण से प्रभावित किया जा सकता है। यह अंतर्दृष्टि पाठकों को इस बात पर विचार करने के लिए प्रोत्साहित करती है कि वे खुद को और दूसरों को कैसे देखते हैं, यह सुझाव देते हुए कि प्रामाणिक सुंदरता देखने वाले की आंखों में निहित है।

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अद्यतन
नवम्बर 02, 2025

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