हमने महसूस किया कि अगर हमारे पास नई सामग्री नहीं होती और हमारे पास अस्तित्व में रहने का कोई वास्तविक कारण नहीं होता, तो शायद हम 80 के दशक का पुनरुद्धार कार्य नहीं कर पाते। हम इस तथ्य के प्रति बहुत सचेत हैं कि एक समूह के रूप में हम ऐसे ही हैं।
(We felt if we didn't have new material in us and we didn't have a real reason to exist, then we probably wouldn't have done an 80's revival thing. We are very conscious about the fact that's what we are as a bunch of people.)
यह उद्धरण कलात्मक गतिविधियों में प्रामाणिकता और रचनात्मक उद्देश्य के महत्व पर प्रकाश डालता है। वक्ता इस बात पर जोर देते हैं कि उनकी प्रेरणा बिना किसी सार के 80 के दशक के पुनरुद्धार जैसे रुझानों पर कूदने के बजाय, बनाने और विकसित करने की वास्तविक इच्छा से उत्पन्न होती है। यह उनके काम के प्रति एक विचारशील दृष्टिकोण को दर्शाता है, सतही पुरानी यादों पर सार्थक अभिव्यक्ति को प्राथमिकता देता है। इस तरह की आत्म-जागरूकता यह सुनिश्चित करती है कि उनका योगदान प्रामाणिक बना रहे और पहचान की वास्तविक भावना में निहित हो, जो समय के साथ कलात्मक अखंडता को बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है।