मोजार्ट अक्सर अपने परिवार को लिखते थे कि टुकड़ों की कुछ विविधताएं या खंड इतने सफल थे कि उन्हें तुरंत दोहराना पड़ता था, यहां तक कि पूरे टुकड़े के खत्म होने का इंतजार किए बिना भी।
(Mozart often wrote to his family that certain variations or sections of pieces were so successful that they had to be encored immediately, even without waiting for the entire piece to end.)
यह उद्धरण कुछ संगीत अंशों की सहज अपील में मोजार्ट के विश्वास को उजागर करता है। यह प्रदर्शन में असाधारण क्षणों के महत्व को दर्शाता है जो दर्शकों को तुरंत मोहित कर सकता है, कभी-कभी टुकड़ा समाप्त होने से पहले एक दोहराव की आवश्यकता होती है। ऐसे उदाहरण संगीतकार के इरादे और दर्शकों की प्रतिक्रिया के बीच सहज संबंध को प्रदर्शित करते हैं, इस बात पर जोर देते हैं कि संगीत का तत्काल और गहरा प्रभाव हो सकता है। इससे मोज़ार्ट के गौरव और उनकी रचनाओं के विशिष्ट हिस्सों के बारे में जागरूकता का भी पता चलता है, जो तुरंत मजबूत भावनाओं और उत्साह को जगा सकता है।